Traducción de los significados del Sagrado Corán - Traducción India * - Índice de traducciones

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Traducción de significados Capítulo: Sura Al-Mulk
Versículo:
 

सूरा अल्-मुल्क

تَبَٰرَكَ ٱلَّذِي بِيَدِهِ ٱلۡمُلۡكُ وَهُوَ عَلَىٰ كُلِّ شَيۡءٖ قَدِيرٌ
शुभ है वह अल्लाह, जिसके हाथ में राज्य है तथा जो कुछ वह चाहे, कर सकता है।
Las Exégesis Árabes:
ٱلَّذِي خَلَقَ ٱلۡمَوۡتَ وَٱلۡحَيَوٰةَ لِيَبۡلُوَكُمۡ أَيُّكُمۡ أَحۡسَنُ عَمَلٗاۚ وَهُوَ ٱلۡعَزِيزُ ٱلۡغَفُورُ
जिसने उत्पन्न किया है मृत्यु तथा जीवन को, ताकि तुम्हारी परीक्षा ले कि तुममें किसका कर्म अधिक अच्छा है? तथा वह प्रभुत्वशाली, अति क्षमावान् है।[1]
1. इस में आज्ञा पालन की प्रेरणा तथा अवैज्ञा पर चेतावनी है।
Las Exégesis Árabes:
ٱلَّذِي خَلَقَ سَبۡعَ سَمَٰوَٰتٖ طِبَاقٗاۖ مَّا تَرَىٰ فِي خَلۡقِ ٱلرَّحۡمَٰنِ مِن تَفَٰوُتٖۖ فَٱرۡجِعِ ٱلۡبَصَرَ هَلۡ تَرَىٰ مِن فُطُورٖ
जिसने उत्पन्न किये सात आकाश, ऊपर तले। तो क्या तुम देखते हो अत्यंत कृपाशील की उत्पत्ति में कोई असंगति? फिर पुनः देखो, क्या तुम देखते हो कोई दराड़?
Las Exégesis Árabes:
ثُمَّ ٱرۡجِعِ ٱلۡبَصَرَ كَرَّتَيۡنِ يَنقَلِبۡ إِلَيۡكَ ٱلۡبَصَرُ خَاسِئٗا وَهُوَ حَسِيرٞ
फिर बार-बार देखो, वापस आयेगी तुम्हारी ओर निगाह थक-हार कर।
Las Exégesis Árabes:
وَلَقَدۡ زَيَّنَّا ٱلسَّمَآءَ ٱلدُّنۡيَا بِمَصَٰبِيحَ وَجَعَلۡنَٰهَا رُجُومٗا لِّلشَّيَٰطِينِۖ وَأَعۡتَدۡنَا لَهُمۡ عَذَابَ ٱلسَّعِيرِ
और हमने सजाया है संसार के आकाश को प्रदीपों (ग्रहों) से तथा बनाया है उन्हें (तारों को) मार भगाने का साधन शैतानों[1] को, और तैयार की है हमने उनके लिए दहकती अग्नि की यातना।
1. जो चोरी से आकाश की बातें सुनते हैं। (देखियेः सूरह साफ़्फ़ात, आयतः7-10)
Las Exégesis Árabes:
وَلِلَّذِينَ كَفَرُواْ بِرَبِّهِمۡ عَذَابُ جَهَنَّمَۖ وَبِئۡسَ ٱلۡمَصِيرُ
और जिन्होंने कुफ़्र किया अपने पालनहार के साथ तो उनके लिए नरक की यातना है। और वह बुरा स्थान है।
Las Exégesis Árabes:
إِذَآ أُلۡقُواْ فِيهَا سَمِعُواْ لَهَا شَهِيقٗا وَهِيَ تَفُورُ
जब वह फेंके जायेंगे उसमें तो सुनेंगे उसकी दहाड़ और वह खौल रही होगी।
Las Exégesis Árabes:
تَكَادُ تَمَيَّزُ مِنَ ٱلۡغَيۡظِۖ كُلَّمَآ أُلۡقِيَ فِيهَا فَوۡجٞ سَأَلَهُمۡ خَزَنَتُهَآ أَلَمۡ يَأۡتِكُمۡ نَذِيرٞ
प्रतीत होगा कि फट पड़ेगी रोष (क्रोध) सेर, जब-जब फेंका जायेगा उसमें कोई समूह तो प्रश्न करेंगे उनसे उसके प्रहरीः क्या नहीं आया तुम्हारे पास कोई सावधान करने वाला (रसूल)?
Las Exégesis Árabes:
قَالُواْ بَلَىٰ قَدۡ جَآءَنَا نَذِيرٞ فَكَذَّبۡنَا وَقُلۡنَا مَا نَزَّلَ ٱللَّهُ مِن شَيۡءٍ إِنۡ أَنتُمۡ إِلَّا فِي ضَلَٰلٖ كَبِيرٖ
वह कहेंगेः हाँ हमारे पास आया सावधान करने वाला। पर हमने झुठला दिया और कहा कि नहीं उतारा है अल्लाह ने कुछ। तुम ही बड़े कुपथ में हो।
Las Exégesis Árabes:
وَقَالُواْ لَوۡ كُنَّا نَسۡمَعُ أَوۡ نَعۡقِلُ مَا كُنَّا فِيٓ أَصۡحَٰبِ ٱلسَّعِيرِ
तथा वह कहेंगेः यदि हमने सुना और समझा होता तो नरक के वासियों में न होते।
Las Exégesis Árabes:
فَٱعۡتَرَفُواْ بِذَنۢبِهِمۡ فَسُحۡقٗا لِّأَصۡحَٰبِ ٱلسَّعِيرِ
ऐसे वह स्वीकार कर लेंगे अपने पापों को। तो दूरी[1] है नरक वासियों के लिए।
1. अर्थात अल्लाह की दया से।
Las Exégesis Árabes:
إِنَّ ٱلَّذِينَ يَخۡشَوۡنَ رَبَّهُم بِٱلۡغَيۡبِ لَهُم مَّغۡفِرَةٞ وَأَجۡرٞ كَبِيرٞ
निःसंदेह जो डरते हों अपने पालनहार से बिन देखे उन्हीं के लिए क्षमा है तथा बड़ा प्रतिफल है।[1]
1. ह़दीस में है कि मैं ने अपने सदाचारी भक्तों के लिये ऐसी चीज़ तैयार की है जिसे न किसी आँख ने देखा, न किसी कान ने सुना और न किसी दिल ने सोचा। (सह़ीह़ बुख़ारीः 3244, सह़ीह़ मुस्लिमः 2824)
Las Exégesis Árabes:

وَأَسِرُّواْ قَوۡلَكُمۡ أَوِ ٱجۡهَرُواْ بِهِۦٓۖ إِنَّهُۥ عَلِيمُۢ بِذَاتِ ٱلصُّدُورِ
तुम चुपके बोलो अपनी बात अथवा ऊँचे स्वर में। वास्तव में वह भली-भाँति जानता है सीनों के भेदों को।
Las Exégesis Árabes:
أَلَا يَعۡلَمُ مَنۡ خَلَقَ وَهُوَ ٱللَّطِيفُ ٱلۡخَبِيرُ
क्या वह नहीं जानेगा जिस ने उत्न्न किया? और वह सूक्ष्मदर्शक[1] सर्व सूचित है?
1. बारीक बातों को जानने वाला।
Las Exégesis Árabes:
هُوَ ٱلَّذِي جَعَلَ لَكُمُ ٱلۡأَرۡضَ ذَلُولٗا فَٱمۡشُواْ فِي مَنَاكِبِهَا وَكُلُواْ مِن رِّزۡقِهِۦۖ وَإِلَيۡهِ ٱلنُّشُورُ
वही है जिस ने बनाया है तुम्हारे लिए धरती को वश्वर्ती, तो चलो-फिरो उसके क्षेत्रों में तथा खाओ उसकी प्रदान की हुई जीविका। और उसी की ओर तुम्हें फिर जीवित हो कर जाना है।
Las Exégesis Árabes:
ءَأَمِنتُم مَّن فِي ٱلسَّمَآءِ أَن يَخۡسِفَ بِكُمُ ٱلۡأَرۡضَ فَإِذَا هِيَ تَمُورُ
क्या तुम निर्भय हो गये हो उससे जो आकाश में है कि वह धँसा दे धरती में फिर वह अचानक काँपने लगे।
Las Exégesis Árabes:
أَمۡ أَمِنتُم مَّن فِي ٱلسَّمَآءِ أَن يُرۡسِلَ عَلَيۡكُمۡ حَاصِبٗاۖ فَسَتَعۡلَمُونَ كَيۡفَ نَذِيرِ
अथवा निर्भय हो गये उससे जो आकाश में है कि वह भेज दे तुम पर पथरीली वायु तो तुम्हें ज्ञान हो जायेगा कि कैसा रहा मेरा सावधान करना?
Las Exégesis Árabes:
وَلَقَدۡ كَذَّبَ ٱلَّذِينَ مِن قَبۡلِهِمۡ فَكَيۡفَ كَانَ نَكِيرِ
झुठला चुके हैं इन[1] से पूर्व के लोग तो कैसी रही मेरी पकड़?
1. अर्थात मक्का वासियों से पहले आद, समूद आदि जातियों ने। तो लूत (अलैहिस्सलाम) की जाति पर पत्थरों की वर्षा हुई।
Las Exégesis Árabes:
أَوَلَمۡ يَرَوۡاْ إِلَى ٱلطَّيۡرِ فَوۡقَهُمۡ صَـٰٓفَّـٰتٖ وَيَقۡبِضۡنَۚ مَا يُمۡسِكُهُنَّ إِلَّا ٱلرَّحۡمَٰنُۚ إِنَّهُۥ بِكُلِّ شَيۡءِۭ بَصِيرٌ
क्या उन्होंने नहीं देखा पक्षियों की ओर अपने ऊपर पंख फैलाते तथा सिकोड़ते। उन को अत्यंत कृपाशील ही थामता है। निसंदेह वह प्रत्येक वस्तु को देख रहा है।
Las Exégesis Árabes:
أَمَّنۡ هَٰذَا ٱلَّذِي هُوَ جُندٞ لَّكُمۡ يَنصُرُكُم مِّن دُونِ ٱلرَّحۡمَٰنِۚ إِنِ ٱلۡكَٰفِرُونَ إِلَّا فِي غُرُورٍ
कौन है वह तुम्हारी सेना जो तुम्हारी सहायता कर सकेगी अल्लाह के मुक़ाबले में? बल्कि वह घुस गये हैं अवैज्ञा तथा घृणा में।[1]
Las Exégesis Árabes:
أَمَّنۡ هَٰذَا ٱلَّذِي يَرۡزُقُكُمۡ إِنۡ أَمۡسَكَ رِزۡقَهُۥۚ بَل لَّجُّواْ فِي عُتُوّٖ وَنُفُورٍ
या कौन है जो तुम्हें जीविका प्रदान कर सके, यदि रोक ले वह अपनी जीविका? बल्कि वे घुस गये हैं अवैज्ञा तथा घृणा में।[1]
1. अर्थात से घृणा में।
Las Exégesis Árabes:
أَفَمَن يَمۡشِي مُكِبًّا عَلَىٰ وَجۡهِهِۦٓ أَهۡدَىٰٓ أَمَّن يَمۡشِي سَوِيًّا عَلَىٰ صِرَٰطٖ مُّسۡتَقِيمٖ
तो क्या जो चल रहा हो औंधा हो कर अपने मुँह के बल वह अधिक मार्गदर्शन पर है ये जो सीधा हो कर चल रहा हो सीधी राह पर?[1]
1. इस में काफ़िर तथा ईमानधार का उदाहरण है। और दोनों के जीवन-लक्ष्य को बताया गया है कि काफ़िर सदा मायामोह में रहते हैं।
Las Exégesis Árabes:
قُلۡ هُوَ ٱلَّذِيٓ أَنشَأَكُمۡ وَجَعَلَ لَكُمُ ٱلسَّمۡعَ وَٱلۡأَبۡصَٰرَ وَٱلۡأَفۡـِٔدَةَۚ قَلِيلٗا مَّا تَشۡكُرُونَ
हे नबी! आप कह दें कि वही है जिस ने पैदा किया है तुम्हें और बनाये हैं तुम्हारे कान तथा आँख और दिल। बहुत ही कम आभारी (कृतज्ञ) होते हो।
Las Exégesis Árabes:
قُلۡ هُوَ ٱلَّذِي ذَرَأَكُمۡ فِي ٱلۡأَرۡضِ وَإِلَيۡهِ تُحۡشَرُونَ
आप कह देः उसीने फैलाया है तुम्हें धरती में और उसी की ओर एकत्रित[1] किये जाओगे।
1. प्रलय के दिन अपने कर्मों के लेखा-जोखा तथा प्रतिकार के लिये।
Las Exégesis Árabes:
وَيَقُولُونَ مَتَىٰ هَٰذَا ٱلۡوَعۡدُ إِن كُنتُمۡ صَٰدِقِينَ
तथा वह कहते हैं कि ये वचन कब पूरा होगा यदि तुम सच्चे हो?
Las Exégesis Árabes:
قُلۡ إِنَّمَا ٱلۡعِلۡمُ عِندَ ٱللَّهِ وَإِنَّمَآ أَنَا۠ نَذِيرٞ مُّبِينٞ
आप कह देः उस का ज्ञान बस अल्लाह ही को है। और मैं केवल खुला सावधान करने वाला हूँ।
Las Exégesis Árabes:

فَلَمَّا رَأَوۡهُ زُلۡفَةٗ سِيٓـَٔتۡ وُجُوهُ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْ وَقِيلَ هَٰذَا ٱلَّذِي كُنتُم بِهِۦ تَدَّعُونَ
फिर जब वह देखेंगे उसे समीप, तो बिगड़ जायेंगे उनके चेहरे जो काफ़िर हो गये। तथा कहा जायेगाः ये वही है जिसकी तुम माँग कर रहे थे।
Las Exégesis Árabes:
قُلۡ أَرَءَيۡتُمۡ إِنۡ أَهۡلَكَنِيَ ٱللَّهُ وَمَن مَّعِيَ أَوۡ رَحِمَنَا فَمَن يُجِيرُ ٱلۡكَٰفِرِينَ مِنۡ عَذَابٍ أَلِيمٖ
आप कह देः देखो यदि अल्लाह नाश कर दे मुझ को तथा मेरे साथियों को अथवा दया करे हम पर, तो (बताओ कि) कौन है जो शरण देगा काफ़िरों को दुःखदायी[1] यातना से?
1. अर्थात तुम हमारा बुरा तो चाहते हो परन्तु अपनी चिन्ता नहीं करते।
Las Exégesis Árabes:
قُلۡ هُوَ ٱلرَّحۡمَٰنُ ءَامَنَّا بِهِۦ وَعَلَيۡهِ تَوَكَّلۡنَاۖ فَسَتَعۡلَمُونَ مَنۡ هُوَ فِي ضَلَٰلٖ مُّبِينٖ
आप कह देः वह अत्यंत कृपाशील है। हम उसपर ईमान लाये तथा उसीपर भरोसा किया, तो तुम्हें ज्ञान हो जायेगा कि कौन खुले कुपथ में है।
Las Exégesis Árabes:
قُلۡ أَرَءَيۡتُمۡ إِنۡ أَصۡبَحَ مَآؤُكُمۡ غَوۡرٗا فَمَن يَأۡتِيكُم بِمَآءٖ مَّعِينِۭ
आप कह देः भला देखो यदि तुम्हारा पानी गहराई में चला जाये, तो कौन है जो तुम्हें ला कर देगा बहता हुआ जल?
Las Exégesis Árabes:

 
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Traducción de los significados del Sagrado Corán al idioma Indio, Traducida por Maulana Azizul-Haqq Al-Umary, y publicada por el Complejo del Rey Fahd para la impresión del Sagrado Corán en Medina. Año de impresión: 1433 H.

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